वह 6 बुरी आदतें जो आमंत्रित करती हैं परेशानियां - deshduniyaweb

deshduniyaweb

Local, National and International News

Breaking

Home Top Ad

Responsive Ads Here

Post Top Ad

Responsive Ads Here

बुधवार, 7 अक्तूबर 2020

वह 6 बुरी आदतें जो आमंत्रित करती हैं परेशानियां

कई बार बाहरी तौर पर सबकुछ ठीकठाक दिखने के बाद भी परेशानयिां पीछा नहीं छोड़ती। काम में मन नहीं लगता या फिर पूरा होते-होते काम लटक जाता है। और इन सब परेशानियों को जब आप गहनता से समझने की कोशिश करेंगे तो आप पायेंगे कि परेशानियां महज भुक्तभोगियों की बुरी आदतों की उपज है। आदतों को सुधारने के बाद परेशानियां शनैः शनैः दूर होती चली जाती है। आज के इस पोस्ट में हम वैसे ही आदतों पर बात करेंगे जो वास्तु और ज्योतिषिय दृष्टिकोण से गलत है। अगर आप ध्यान देंगे तो पायेंगे कि ऐसी आदतों वाले व्यक्ति के घर में न तो बरकत होती है और न ही मानसिक शांति या यूं कहें कि परेशानियां कुंडली मार कर घर में बैठ जाती है। तो आइये जानते हैं कि कौन सी आदतें गलत है और इन्हें बदलने की जरूरत है। ये छह आदतें हैं जो आपके जीवन पर नकारात्मक प्रभाव डालती है।

1. व्यवस्थित रखें जूते - चप्पल

आपने ध्यान दिया होगा जिस के दरवाजे पर जूते-चप्पल बिखरे रहते हैं घर की समस्याएं खत्म होने का नाम ही नहीं लेती। खासकरं कलह का माहौल भी रहता है। घर में पुराने जूते-चप्पल रखने से नकारात्मक उर्जा पैदा होती है और  इसी प्रकार जूते-चप्पल इधर-उधर पड़े रहने से घर में कलह बढ़ता है और आपसी संबंध खराब होते हैं। जिस घर में जूते-चप्पल इधर-उधर पड़े रहते हैं, वहां शनि के दुष्प्रभाव का प्रभाव रहता है। शनि को पैरों का कारक माना गया इसलिए पैरों से संबंध रखने वाली किसी भी वस्तु को व्यवस्थित रखना चाहिए। आप ध्यान देंगे तो पायेंगे कि जिस व्यक्ति जीवन में शनि नकारात्मक होता है उसके जूते-चप्पल या तो जल्दी टूट जाते हैं या फिर लाख प्रयास के बावजूद भी गंदे ही रहते हैं।

2. कहीं भी न थूकें

कुछ लोग ऐसे भी होते हैं जिन्हें बार-बार कहीं भी थूकने की आदत होती है। बिना सोचे समझे कहीं थूक कर चलते बनते हैं।  ऐसा करने से आपके यश, सम्मान और आपकी प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचता है। आपकी इस आदत से बुध और सूर्य ग्रह खराब प्रभाव देना प्रारंभ कर देते हैं।

3. जूठे बर्तन छोड़ना

अक्सर महिलायें रात को रसोई में जूठे बर्तन छोड़ देती है और यह आदत वास्तुदोष उत्पन्न करती है। इसी कई लोगों को थाली में ही हाथ धोने और जूठी थाली को वहीं छोड़कर उठ जाने की आदत होती है। यह आदत शास्त्र विरूद्व है। ऐसे लोगों को जीवन में सफलता के लिए संघर्ष करना पड़ता है और उनके घरों में मानसिक अशांति भी बढ़ती है। कहीं भी जूठे बर्तन छोड़ना या बर्तनों को बिखरा के रखना, आपकी इस आदत से चंद्र और शनि खराब हो जाती है।

4. पानी नहीं पिलाना

अक्सर लोगों की आदत होती हैकि अपने घर आये मेहमान से पानी तक भी नहीं पूछते। मेहमान हो या फिर कोई भी जो आपके घर आये उसे सम्मान से स्वच्छ पानी जरूर पिलाना चाहिए। यदि आप भी किसी को पानी की नहीं पूछते तो राहु ग्रह कुपित हो जाता है। जिसके परिणाम स्वरूप घर पर अचानक कोई परेशानी आ सकती है।

5. पौधों को सूखने देना

वास्तु में सूखे पौधे निराशा का प्रतीक माने गए हैं। ये तरक्की में बाधा बनते हैं। यदि आपने अपने घर के आंगन में पौधे लगा रखे हैं तो उनकी उचित देखभाल करें। पौधों को नियमित रूप से सुबह, शाम, पानी देने से सूर्य, बुध औॅर चंद्र संबंधी परेशानियां दूर रहती हैं। मन से अवसाद दूर होकर तनाव मुक्त होता है।

6. घर में फैला सामान

कई घरों में सामान उचित जगह और व्यवस्थित ढंग से नहीं रखा जाता। इसी प्रकार सुबह जागने के बाद बिस्तर ऐसे ही छोड़ दिया जाता है। और उसे ठीक किए बिना पुनः रात में उस पर सो जाते हैं। गंदे और फैले हुए बिस्तर घर में नकारात्मक उर्जा के स्तर को बढ़ाते हैं। जिसके कारण आपका काम में मन नहीं लगता है। जगह-जगह सामान बिखरा होने से राहु और शनि खराब हो जाते हैं।   

कोई टिप्पणी नहीं:

टिप्पणी पोस्ट करें

Post Bottom Ad

Responsive Ads Here

Pages